मंगलवार, 17 मई 2011

केबल टीवी और लोकल ट्रेनों पर तांत्रिकों का कब्जा

एक ओर सरकार काला जादू और तंत्र-मन्त्र के खिलाफ विधेयक लाती है, वहीं दूसरी ओर देश के कोने कोने में बंगाली बाबा कुकुरमुत्तों की भांति उगते जा रहे हैं। अब तो  मुंबई की लोकल ट्रेनों के अंदर और टीवी केबल के माध्यम से भी धूर्त बंगाली बाबाओं का प्रचार प्रसार किया जा रहा है। जबकि प्रशासन हाथ पर हाथ धरे तमाशबीन बन कर तमाशा देख रही है। इनकी नाक में नकेल कसने वाला कोई नही है।
मुंबई पुलिस एक तरफ बंगाली बाबाओं पर अपना शिकंजा कसने का दावा कर रही हैं। मगर हर तरफ इनके विज्ञापन देखने के बाद पुलिस की पोल खुल गई है। लोकल ट्रेनों पर तो इन बाबाओं ने कब्जा ही कर डाला है। मानो रेल अधिकारियों को इनके प्रâी विज्ञापनों से गंदे हो रहे डिब्बों पर कोई ऐतराज नहीं।  जबकि पुलिस के मुताबिक मुंबई के जो केबल नेटवर्क बंगाली बाबाओं का विज्ञापन दिखा रहे हैं, वो भी अब पुलिस के जांच के दायरे में आ गए हैं।
गौरतलब है कि एक केबल टीवी पर दिखाए गए विज्ञापन में दावा किया गया था कि बंगाली बाबा मलिक एकदम सच्चा बाबा है। वह किसी भी समस्या को चंद दिनों में मिटा देता है। सोमवार को पुलिस कुर्ला में इस बंगाली बाबा को पकड़ने गई, पर वह पुलिस को चकमा देने में फरार हो गया। हालांकि उसके तीन साथी पुलिस के कब्जे में जरूर हो गए। वहीं अंधेरी में भी एक बंगाली बाबा को जब पुलिस ने गिरफ्तार किया तो उसने अपने ही मुंह से मिडीया के सामने कबूल किया कि पैसे कमाने के लिए उसने यह रास्ता अपनाया और अब तक उसने लोगों को बेववूâफ बनाकर लाखों रुपए की ठगी की है। यहा तक कि उसने कई महिलाओं के साथ संभोग करने की बात भी उसने कबूल की है। पुलिस इस बंगाली बाबा को किराए मकान देनेवाले मकान मालिक एवं विज्ञापन दिखानेवाले केबल ऑपरेटर के खिलाफ मामला दर्ज कर उनके खिलाफ भी कार्रवाई करने जा रही है।

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